गोपालगंज : नगर थाना क्षेत्र के सरेया वार्ड नंबर एक में उस समय अफरा-तफरी मच गई जब डीजल समेत अन्य ज्वलनशील पदार्थों के एक गोदाम में अचानक भीषण आग लग गई। आग की ऊंची लपटें और घना धुआं उठते ही आसपास के लोगों में दहशत फैल गई। एहतियातन कई परिवार अपने घरों से बाहर निकल आए।
घटना की सूचना मिलते ही स्थानीय लोगों ने तुरंत डायल 112 और दमकल विभाग को सूचित किया। सूचना पर नगर थाना पुलिस और फायर ब्रिगेड की टीम मौके पर पहुंची। दमकल कर्मियों ने घंटों मशक्कत के बाद आग पर काबू पाया। समय रहते आग पर नियंत्रण नहीं पाया जाता तो बड़ा हादसा हो सकता था, क्योंकि गोदाम में भारी मात्रा में ज्वलनशील पदार्थ रखे होने की बात सामने आई है।
इस हादसे में सरेया वार्ड नंबर 3 निवासी अजय कुमार के 29 वर्षीय पुत्र बिट्टू कुमार आंशिक रूप से झुलस गए। उन्हें पहले स्थानीय निजी क्लिनिक में भर्ती कराया गया, जहां प्राथमिक उपचार के बाद बेहतर इलाज के लिए पटना रेफर कर दिया गया।
प्राप्त जानकारी के अनुसार, सरेया वार्ड नंबर एक निवासी उपेंद्र पांडेय ने करकटनुमा (टीनशेड) कमरे बनाकर किराए पर दे रखे थे। बताया जा रहा है कि किरायेदार पिछले चार वर्षों से कथित रूप से नकली डीजल, पेट्रोल और किरोसिन का भंडारण एवं खरीद-बिक्री कर रहा था। स्थानीय लोगों का दावा है कि गोदाम में ज्वलनशील पदार्थों की मिलावट और तैयार करने का काम भी किया जाता था। हालांकि इसकी आधिकारिक पुष्टि अभी नहीं हुई है।
प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार, आग लगते ही गोदाम में रखे ज्वलनशील पदार्थ धू-धू कर जलने लगे और कुछ ही देर में लपटें आसमान छूने लगीं। पूरे इलाके में धुआं फैल गया, जिससे सांस लेने में भी लोगों को परेशानी हुई। आसपास के घरों और दुकानों को भी खतरा उत्पन्न हो गया था।
नगर थाना पुलिस ने पूरे मामले की जांच शुरू कर दी है। यह पता लगाया जा रहा है कि आग शॉर्ट सर्किट, लापरवाही या किसी अन्य कारण से लगी। साथ ही यह भी जांच की जा रही है कि वहां अवैध रूप से ज्वलनशील पदार्थों का भंडारण और कथित मिलावट का कारोबार चल रहा था या नहीं।
प्रशासन ने स्पष्ट किया है कि यदि अवैध गतिविधियों की पुष्टि होती है तो संबंधित लोगों के खिलाफ सख्त कानूनी कार्रवाई की जाएगी। फिलहाल इलाके में स्थिति सामान्य है, लेकिन घटना के बाद स्थानीय लोगों में दहशत का माहौल बना हुआ है।




