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विभूतिपुर थाना में अधिवक्ता के समर्थन में धरना, निष्पक्ष जांच मांग उठी’

विभूतिपुर थाना में अधिवक्ता पर दर्ज कथित झूठे मुकदमे के विरोध में धरना, निष्पक्ष जांच की मांग

समस्तीपुर, विभूतिपुर : विभूतिपुर थाना द्वारा अधिवक्ता रंजीत कुमार पर दर्ज कथित झूठे मुकदमे के विरोध में मंगलवार को अधिवक्ता संघ के आह्वान पर थाना परिसर में शांतिपूर्ण धरना आयोजित किया गया। इस धरना को भारत का छात्र फेडरेशन सहित विभिन्न सामाजिक और छात्र संगठनों का समर्थन प्राप्त था। कार्यक्रम सुबह 11:00 बजे शुरू हुआ और पूरी तरह शांतिपूर्ण एवं लोकतांत्रिक तरीके से संपन्न हुआ।

धरना के बाद यह एक सभा में परिवर्तित हो गया, जिसमें वक्ताओं ने प्रशासनिक कार्रवाई पर सवाल उठाते हुए मामले की निष्पक्ष जांच की मांग की। सभा की अध्यक्षता अधिवक्ता इन्द्रदेव प्रसाद सिंह ने की, जबकि आंदोलन का नेतृत्व अधिवक्ता चंदन कुमार ने किया। छात्र संगठन की ओर से छात्र नेता केशव झा ने नेतृत्व करते हुए कहा कि किसी भी निर्दोष अधिवक्ता पर झूठा मुकदमा दर्ज करना न्याय व्यवस्था की गरिमा के खिलाफ है।

छात्र नेता केशव झा ने अपने संबोधन में कहा कि अधिवक्ता समाज न्याय व्यवस्था का एक महत्वपूर्ण स्तंभ है और यदि उनके साथ अन्याय होता है तो यह पूरे समाज के लिए चिंता का विषय है। उन्होंने स्पष्ट किया कि छात्र समाज इस मुद्दे पर अधिवक्ताओं के साथ खड़ा है और न्याय मिलने तक लोकतांत्रिक तरीके से संघर्ष जारी रहेगा।

धरना और सभा में अधिवक्ता बैजनाथ कुमार, सूरज कुमार, घनश्याम कुमार, सुनील कुमार, दीपक कुमार, आशा कुमारी, संगीता कुमारी, राकेश कुमार, संजीव कुमार तथा सत्येन्द्र पाल सहित कई अधिवक्ता उपस्थित रहे। इसके अलावा भारतीय महासंघ पार्टी के राष्ट्रीय प्रवक्ता सुबोध कुमार झा भी कार्यक्रम में शामिल हुए और अधिवक्ताओं के समर्थन में अपनी बात रखी। छात्र नेताओं में प्रिंस कुमार, सोनू कुमार और विनीत कुमार की भी सक्रिय भागीदारी रही।

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धरना के दौरान अधिवक्ताओं ने विभूतिपुर थानाध्यक्ष को सात दिनों का अल्टीमेटम दिया है। उन्होंने कहा कि यदि निर्धारित समय सीमा के भीतर कथित झूठा मुकदमा वापस नहीं लिया गया और निष्पक्ष जांच नहीं हुई, तो अधिवक्ता संघ और समर्थित संगठन आगे वैधानिक और लोकतांत्रिक कदम उठाने को बाध्य होंगे। साथ ही इस मामले को पुलिस अधीक्षक स्तर तक ले जाने की भी चेतावनी दी गई।

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वक्ताओं ने कहा कि न्याय व्यवस्था में पारदर्शिता और निष्पक्षता अत्यंत आवश्यक है और किसी भी निर्दोष व्यक्ति के साथ अन्याय बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। उन्होंने प्रशासन से मांग की कि मामले की निष्पक्ष जांच कर सच्चाई सामने लाई जाए और दोषियों के खिलाफ उचित कार्रवाई की जाए।

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धरना शांतिपूर्ण ढंग से समाप्त हुआ, लेकिन अधिवक्ता संघ और समर्थित संगठनों ने स्पष्ट कर दिया है कि न्याय मिलने तक उनका संघर्ष जारी रहेगा।

Mohan Jha

Mohan Kumar Jha, Working with Gaam Ghar News as a Author. Mohan is an all rounder, she can write articles on any beat whether it is entertainment, business, politics and sports, she can deal with it.

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