राहुल गांधी समेत 25 सांसदों को धमकी, आरोपी कोटा से हिरासत में
राहुल गांधी समेत 25 सांसदों को गोली मारने की धमकी, आरोपी कोटा से हिरासत में

नई दिल्ली : कांग्रेस नेता राहुल गांधी और 25 कांग्रेसी सांसदों को गोली मारने की धमकी देने वाले एक व्यक्ति को राजस्थान पुलिस ने राजस्थान के कोटा शहर से हिरासत में लिया है। आरोपी ने सोशल मीडिया पर एक वीडियो जारी कर खुद को करणी सेना का प्रवक्ता ‘राज सिंह’ बताया था और सांसदों को गंभीर परिणाम भुगतने की चेतावनी दी थी।
पुलिस के अनुसार, वायरल वीडियो में आरोपी ने दावा किया कि हाल ही में संसद सत्र के दौरान हुई एक कथित घटना से वह और उसके समर्थक नाराज हैं। वीडियो में उसने सीधे तौर पर राहुल गांधी का नाम लेते हुए धमकी दी कि अगर ऐसी घटना दोबारा हुई तो वह सांसदों के घरों में घुसकर गोली मारने से भी पीछे नहीं हटेगा। इस वीडियो के सामने आने के बाद सुरक्षा एजेंसियां सतर्क हो गईं और तत्काल कार्रवाई शुरू की गई।
समाचार एजेंसी पीटीआई के मुताबिक, आरोपी ने अपने वीडियो में लोकसभा अध्यक्ष ओम बिरला का भी उल्लेख किया और आरोप लगाया कि कुछ सांसदों ने उनके साथ अभद्र व्यवहार किया था। हालांकि इन आरोपों की आधिकारिक पुष्टि नहीं हुई है।
वीडियो सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल होने के बाद कोटा पुलिस ने आरोपी की पहचान कर उसे बोरखेड़ा थाना क्षेत्र से हिरासत में ले लिया। कोटा की पुलिस अधीक्षक ने बताया कि आरोपी से पूछताछ की जा रही है और यह जांच की जा रही है कि उसने यह धमकी किस उद्देश्य से दी और क्या इसके पीछे कोई अन्य व्यक्ति या संगठन भी शामिल है। पुलिस साइबर विशेषज्ञों की मदद से वीडियो की सत्यता और उसके स्रोत की भी जांच कर रही है।
इस मामले में आरोपी के पीछे दीवार पर प्रधानमंत्री और लोकसभा अध्यक्ष की तस्वीर देखे जाने के बाद राजनीतिक हलकों में भी चर्चा तेज हो गई। हालांकि भारतीय जनता पार्टी और करणी सेना दोनों ने ही आरोपी से किसी भी प्रकार का संबंध होने से इनकार किया है। बीजेपी के स्थानीय नेताओं ने स्पष्ट किया कि वीडियो में दिख रहा व्यक्ति पार्टी से जुड़ा नहीं है और उसकी व्यक्तिगत हरकतों के लिए पार्टी जिम्मेदार नहीं है।
पुलिस अधिकारियों का कहना है कि धमकी जैसे मामलों को बेहद गंभीरता से लिया जाता है और कानून के तहत सख्त कार्रवाई की जाएगी। साथ ही, सांसदों की सुरक्षा को ध्यान में रखते हुए संबंधित एजेंसियों को भी सतर्क कर दिया गया है।
फिलहाल आरोपी से पूछताछ जारी है और पुलिस यह पता लगाने की कोशिश कर रही है कि धमकी के पीछे उसकी मंशा क्या थी। मामले की जांच पूरी होने के बाद आगे की कानूनी कार्रवाई की जाएगी। इस घटना ने एक बार फिर जनप्रतिनिधियों की सुरक्षा और सोशल मीडिया पर फैल रही धमकी भरी सामग्री को लेकर चिंता बढ़ा दी है।




