समस्तीपुर/मिथिला | बिज़नेस डेस्क : ग्रामीण क्षेत्रों में स्वरोज़गार और आत्मनिर्भरता को बढ़ावा देने की दिशा में (Mithibhog Industry) MithiBhog चाय एक नया मॉडल लेकर सामने आया है। यह पहल खासकर छोटे उद्यमियों और युवाओं के लिए कम पूंजी में व्यापार शुरू करने का अवसर दे रही है।
कंपनी द्वारा चलाए जा रहे इस कार्यक्रम के तहत इच्छुक लोग अपने ही क्षेत्र में MithiBhog चाय का वितरण और बिक्री कर सकते हैं। इसमें न तो बड़े गोदाम की जरूरत है और न ही भारी-भरकम निवेश की।
कैसे काम करता है यह मॉडल?
इस योजना में प्रतिभागियों को कंपनी की ओर से ब्रांड, मार्केटिंग और प्रचार का सहयोग दिया जाता है। व्यवसायी का मुख्य कार्य स्थानीय दुकानों तक चायपत्ती पहुंचाना और भुगतान एकत्र करना होता है। कंपनी और डीलर के बीच सीधा जुड़ाव होता है, जिससे बिचौलियों की भूमिका समाप्त हो जाती है और पारदर्शिता बनी रहती है।
कंपनी जल्द ही अपने अन्य खाद्य और पेय उत्पाद भी बाजार में उतारने जा रही है, जिससे जुड़ने वालों के लिए भविष्य में आय के और भी अवसर खुलेंगे।
ग्रामीण रोज़गार पर फोकस
MithiBhog चाय का उद्देश्य गांव से लेकर शहर तक रोज़गार के अवसर पैदा करना है ताकि युवा अपने ही क्षेत्र में रहकर सम्मानजनक आय अर्जित कर सकें और पलायन को रोका जा सके।
संपर्क और जानकारी
इच्छुक व्यक्ति अधिक जानकारी के लिए
7461086317/ 62878 58492 पर संपर्क कर सकते हैं (WhatsApp भी उपलब्ध है)।
या Google पर MithiBhog सर्च कर सकते हैं।
MithiBhog चाय केवल एक उत्पाद नहीं, बल्कि ग्रामीण भारत में स्वरोज़गार और आर्थिक सशक्तिकरण की दिशा में एक नई पहल के रूप में देखा जा रहा है।



