समस्तीपुर जिले के रोसड़ा प्रखंड क्षेत्र स्थित मध्य विद्यालय ढरहा में आग से बचाव और सुरक्षा उपायों को लेकर एक जागरूकता कार्यक्रम का आयोजन किया गया। मौसम में बदलाव के दौरान आग लगने की घटनाओं में संभावित वृद्धि को देखते हुए यह कार्यक्रम आयोजित किया गया, जिसमें अनुमंडल अग्निशमनालय रोसड़ा की टीम ने भाग लिया और बच्चों को महत्वपूर्ण जानकारियां दीं।
कार्यक्रम के दौरान अग्निशमन विभाग के कर्मियों ने छात्रों को बताया कि आग लगने की स्थिति में घबराने की बजाय शांत और सतर्क रहकर सही निर्णय लेना जरूरी होता है। उन्होंने बच्चों को आग बुझाने के विभिन्न उपायों के बारे में विस्तार से बताया और यह भी समझाया कि छोटी-छोटी सावधानियां अपनाकर बड़ी दुर्घटनाओं से बचा जा सकता है।
अग्निशमन टीम में शामिल सहायक अग्निशमन पदाधिकारी शम्भू राय के साथ अग्निक शेषनाथ गोंड, पवन कुमार, मुकेश कुमार पासवान और रानी कुमारी ने छात्रों को आग से सुरक्षा के व्यावहारिक उपायों की जानकारी दी। उन्होंने बताया कि घर या विद्यालय में गैस सिलेंडर का उपयोग करने के बाद उसका नॉब अवश्य बंद करना चाहिए। इससे गैस रिसाव और संभावित दुर्घटना की आशंका कम हो जाती है।
इसके अलावा टीम ने यह भी बताया कि यदि लकड़ी के चूल्हे पर खाना बनाया जा रहा हो तो उसके आसपास पानी की पर्याप्त व्यवस्था रखना चाहिए, ताकि आग फैलने की स्थिति में तुरंत उसे बुझाया जा सके। अग्निशमन कर्मियों ने तेज हवा चलने के समय चूल्हा या आग का इस्तेमाल करने से बचने की भी सलाह दी, क्योंकि ऐसे समय में आग तेजी से फैलने की संभावना रहती है।
कार्यक्रम के दौरान बच्चों ने भी उत्साह के साथ भाग लिया और आग से सुरक्षा से जुड़े कई सवाल पूछे। अग्निशमन विभाग के कर्मियों ने उनके सवालों का सरल और स्पष्ट तरीके से जवाब दिया, जिससे छात्रों को इस विषय की बेहतर समझ मिल सकी।
विद्यालय के शिक्षक-शिक्षिकाएं भी इस जागरूकता कार्यक्रम में उपस्थित रहे। उन्होंने छात्रों को जीवन में इन सुरक्षा उपायों को अपनाने की प्रेरणा दी और बताया कि सतर्कता ही किसी भी दुर्घटना से बचने का सबसे प्रभावी तरीका है।
कार्यक्रम के अंत में छात्रों को यह संदेश दिया गया कि आग से संबंधित किसी भी आपात स्थिति में तुरंत नजदीकी अग्निशमन विभाग को सूचना दें और स्वयं सुरक्षित रहते हुए दूसरों की मदद करें।




