Assi Box Office Report: रिलीज के छठे दिन भी कलेक्शन में सुधार नहीं
Assi Box Office Report : रिलीज के छठे दिन भी निर्देशक Assi की बॉक्स-ऑफिस पर हालत में कोई खास सुधार नजर नहीं आया। फिल्म में मुख्य भूमिका निभा रहीं तापसी पन्नू की मेहनत और निर्देशक अनुभव सिन्हा की कोशिशों के बावजूद सिनेमाघरों में दर्शक-आकर्षण अपेक्षानुरूप नहीं हुआ।
फिल्म को शुक्रवार को रिलीज़ किया गया था और शुरुआती दिनों में आलोचनात्मक समीक्षा मिलते-ही रही; हालांकि क्रिटिक्स के सकारात्मक रिव्यू कैश कलेक्शन में सीधे अनुवाद नहीं कर पाए। सप्ताह के मध्य—छठे दिन—परफॉर्मेंस कमजोर रहना कई फैक्टर्स का नतीजा माना जा रहा है। सबसे पहले कम स्क्रीन्स और सीमित शोज़ ने कलेक्शन की संभावनाओं को काट दिया। दूसरी ओर, वर्ड-ऑफ-माउथ में फिल्म को लेकर उत्साह पर्याप्त रूप से नहीं बना और ऑडियंस की रिकवरी नहीं हो पाई।
कमर्शियल सफलता के लिए स्थिर परफॉर्मेंस और लगातार बैठकों की आवश्यकता होती है — खासकर जब शुरुआती वीकेंड कमजोर निकलता है। इस फिल्म के साथ भी यही मामला दिखा: पॉज़िटिव रिव्यूज़ के बावजूद टिकट-बोइंग और रिपीट ऑडियन्स की कमी रही। सप्ताह के बीच आने वाले हफ्ते-दिन और आगामी वीकेंड ही इस प्रोजेक्ट की असली परीक्षा होंगे; तभी साफ होगा कि फिल्म ने दोनों—कलेक्शन और दर्शक-स्नेह—में संतुलन बना लिया है या नहीं।
निर्माताओं और वितरण टीम के सामने अगला कदम स्पष्ट है: स्क्रीन विस्तार (जहाँ संभव हो), प्रमोशनल गतिविधियों में तेजी और टार्गेटेड मार्केटिंग। विशेषकर मेट्रो के साथ-साथ मध्यवर्गीय और छोटे शहरों में दर्शक जुटाने के लिए स्थानीय कैंपेन और शोज़-टीमिंग जरूरी होगी। इसके अलावा डिजिटल-प्रमोशंस, शॉर्ट-फॉर्म वीडियो क्लिप्स और स्टार-इंगेजमेंट से हफ्ते भर में दर्शक दिलाने की रणनीति अपनाई जा सकती है। यदि फिल्म की कहानी-कसौटी पर खड़ी है, तो हाउसफुल रिपोर्ट नहीं भी आए तो लंबी दूरी तय कर सकती है — बशर्ते प्रमोशन और स्क्रीनिंग रणनीति सक्षम हो।
फेस्टिवल-प्रेमी या फिल्म-फेस्टिवल सर्किट में रुचि रखते दर्शकों के लिए फिल्म की सकारात्मक विशेषताओं को रिक्रिएट करना भी फायदेमंद रहेगा — यानी क्रिटिकल पैनल के अच्छे रिव्यू को दर्शक तक पहुंचाना और ‘सार्थक दर्शक’ टार्गेट करना। वहीं यदि निर्माताओं के पास जल्दी डिजिटल-वितरण का विकल्प मौजूद है, तो सीमित थिएटर-परफॉर्मेंस के बाद OTT पर जल्दी रिलीज़ कर-कर आय अर्जित करने का सोच सकते हैं।
“अस्सी” की छठे दिन की रिपोर्ट बताती है कि क्रिटिक्स-लव और कमर्शियल-सक्सेस के बीच बराबरी कायम करना आज भी कठिन है। यह फिल्म अभी भी रिकवरी की गुंजाइश रखती है—पर इसके लिए निर्णायक और तेज़ कदम उठाने होंगे, अन्यथा कलेक्शन-कहानी यहीं समाप्त होने का खतरा रहेगा।




