पटना : सेंट डोमिनिक सावीओ स्कूल, दीघा में मंगलवार को सड़क सुरक्षा (Road safety awareness) के प्रति छात्र-छात्राओं को जागरूक करने के उद्देश्य से विशेष जागरूकता कार्यक्रम आयोजित किया गया। यह कार्यक्रम मिशन रोड सेफ्टी, जिला परिवहन कार्यालय, पटना एवं सेंट पॉल स्कूल के संयुक्त तत्वावधान में सफलतापूर्वक संपन्न हुआ।
कार्यक्रम में मुख्य वक्ता के रूप में मिशन रोड सेफ्टी के विशेषज्ञ अमित कुमार ने बच्चों को दैनिक जीवन में सुरक्षित आवागमन के विभिन्न तरीकों के बारे में विस्तार से जानकारी दी। उन्होंने बताया कि सड़क केवल यात्रा का साधन नहीं है, बल्कि जिम्मेदार व्यवहार का स्थान भी है। अमित कुमार ने छात्रों को रक्षात्मक (Defensive) ड्राइविंग के मूल सिद्धांत, हेलमेट एवं सीटबेल्ट के नियमित उपयोग, स्कूल बस में चढ़ने-उतरने के सुरक्षित तरीके, साइकिल चलाते समय बरती जाने वाली सावधानियाँ तथा पैदल यात्री होने के नाते पालन किए जाने वाले नियमों की विस्तृत जानकारी दी।
उन्होंने यह भी समझाया कि छोटी-छोटी गलतियाँ जिंदगी को बड़ी दुर्घटना में बदल सकती हैं। इसलिए स्कूल के बच्चों को, चाहे वे माता-पिता के साथ वाहन में हों या स्वयं साइकिल से आते-जाते हों, हमेशा यातायात नियमों का पालन करना चाहिए।
कार्यक्रम में विशिष्ट अतिथि के रूप में उपेंद्र पाल (डीटीओ, पटना), पिंकू कुमार (एडीटीओ, पटना) एवं ललित मोहन (डीएसपी ट्रैफिक, पटना) उपस्थित थे। सभी अतिथियों ने अपने संबोधन में सड़क सुरक्षा को जीवन रक्षा का पहला कदम बताया। उन्होंने कहा कि यातायात नियमों का पालन केवल कानूनी बाध्यता नहीं, बल्कि सामाजिक जिम्मेदारी और आत्म-सुरक्षा का भी महत्वपूर्ण हिस्सा है।
डीएसपी ट्रैफिक ललित मोहन ने छात्रों को संदेश दिया कि बचपन से विकसित की गई आदतें भविष्य के व्यवहार और नागरिक जिम्मेदारी को निर्धारित करती हैं। इसलिए नियमों का पालन आज से ही जरूरी है।
कार्यक्रम की अध्यक्षता करते हुए स्कूल की प्राचार्या ग्लेनडा गॅलसटाऊँ ने कहा कि सड़क सुरक्षा केवल नियमों का अनुपालन भर नहीं है, बल्कि जीवन के मूल्य और सामाजिक उत्तरदायित्व की समझ भी है। उन्होंने छात्रों से अपील की कि वे स्वयं सुरक्षित रहें और दूसरों को भी सुरक्षित रहने के लिए प्रेरित करें।
कार्यक्रम के अंत में विद्यालय के सभी छात्र-छात्राओं, शिक्षकों और उपस्थित गणमान्य व्यक्तियों ने सड़क सुरक्षा शपथ ली। शपथ में यह संकल्प लिया गया कि वे हमेशा यातायात नियमों का पालन करेंगे, हेलमेट और सीटबेल्ट का अनिवार्य रूप से उपयोग करेंगे तथा दूसरों को भी सड़क सुरक्षा के प्रति जागरूक करेंगे।
इस तरह का आयोजन छात्रों में सड़क सुरक्षा के प्रति जागरूकता बढ़ाने की दिशा में महत्वपूर्ण कदम साबित हुआ।




