समस्तीपुर बैंक लूट में धरमा गिरफ्तार, 42 लाख सोना-नकद बरामद
समस्तीपुर बैंक ऑफ महाराष्ट्र लूटकांड में बड़ी सफलता: 42 लाख के सोना और 2 लाख नकद के साथ धर्मनाथ सिंह गिरफ्तार
समस्तीपुर : समस्तीपुर जिले के चर्चित बैंक ऑफ महाराष्ट्र (Bank of Maharashtra) लूटकांड में पुलिस को एक और बड़ी सफलता मिली है। नगर थाना पुलिस ने इस हाई-प्रोफाइल मामले में फरार चल रहे कुख्यात बदमाश धर्मनाथ सिंह उर्फ धरमा को गिरफ्तार कर लिया है। धरमा वैशाली जिले के विद्दूपर थाना क्षेत्र के मथुरा गांव का रहने वाला है और लंबे समय से पुलिस को चकमा देकर फरार चल रहा था।
घर से हुई गिरफ्तारी, भारी मात्रा में सोना-नकद बरामद
पुलिस ने गुप्त सूचना के आधार पर बीती रात धरमा के गांव में छापेमारी की और उसे उसके घर से ही दबोच लिया। गिरफ्तारी के दौरान पुलिस टीम ने उसके कब्जे से लूटकांड का एक बड़ा हिस्सा बरामद किया।
बरामदगी में शामिल हैं—
- 350 ग्राम सोना (लगभग 42 लाख रुपये मूल्य)
- 2 लाख रुपये नकद
पुलिस ने सभी जब्त सामान को सील कर लिया है और आरोपी को आज न्यायिक अभिरक्षा में भेज दिया गया।
7 मई के लूटकांड से जुड़ा बड़ा खुलासा
7 मई 2025 को शहर के काशीपुर स्थित बैंक ऑफ महाराष्ट्र की शाखा में हुई लूट ने पूरे राज्य में सनसनी फैला दी थी। इस घटना में अपराधियों ने—
- करीब 10 करोड़ रुपये मूल्य के आभूषण
- और 15 लाख रुपये नकद
लूटकर फरार हो गए थे। घटना के बाद पुलिस को कई जिलों में फैले संगठित गिरोह के शामिल होने के संकेत मिले थे।
अब तक एक दर्जन से अधिक गिरफ्तारियाँ
पुलिस की लगातार कार्रवाई के बाद अब तक इस केस में एक दर्जन से अधिक अपराधी गिरफ्तार किए जा चुके हैं। कई आरोपियों से बरामदगी भी की गई है। पुलिस सूत्रों के मुताबिक, इस लूटकांड को अंजाम देने में 15 से ज्यादा अपराधी शामिल थे जिनमें से कई की पहचान पहले ही हो चुकी है।
नगर थानाध्यक्ष अजीत कुमार ने बताया कि धरमा सिंह की गिरफ्तारी इस केस के लिए बहुत महत्वपूर्ण है। उसके पास से बरामद भारी मात्रा में सोना और नकदी ने न सिर्फ जांच को मजबूत किया है, बल्कि मुख्य सरगना तक पहुँचने में भी यह पुलिस को मदद करेगा। उन्होंने कहा कि फरार अन्य आरोपियों की तलाश में पुलिस टीमें लगातार छापेमारी कर रही हैं और जल्द ही और गिरफ्तारी होने की संभावना है।
लूटकांड का खुलासा अंतिम चरण में
पुलिस का दावा है कि यह मामला अब खुलासे के अंतिम चरण में है। बरामद सामान और गिरफ्तार आरोपियों से मिली जानकारी के आधार पर जल्द ही लूटकांड का पूरा नेटवर्क सामने आ जाएगा। जिला पुलिस प्रशासन इसे इस साल की सबसे बड़ी कार्रवाई के रूप में देख रहा है।
इस घटना ने जहां बैंक सुरक्षा व्यवस्था पर सवाल उठाए थे, वहीं लगातार सफल गिरफ्तारियों से पुलिस की सक्रियता और प्रयासों की भी सराहना हो रही है।





