Vastu Tips for Mirror : वास्तुशास्त्र में घर की दिशा और वस्तुओं की स्थिति को जीवन की सुख-शांति से जोड़ा जाता है। वास्तु अंकशास्त्री पंकज सिन्हा के अनुसार घर में लगाया जाने वाला दर्पण यानी शीशा केवल सजावट का साधन नहीं है, बल्कि यह घर की ऊर्जा को प्रतिबिंबित करने का काम भी करता है। अगर इसे गलत दिशा या स्थान पर लगाया जाए तो यह नकारात्मक ऊर्जा को बढ़ा सकता है और कई बार दुर्घटना या स्वास्थ्य समस्याओं का कारण भी बन सकता है।
पंकज सिन्हा बताते हैं कि सबसे पहले बिस्तर के ठीक सामने शीशा नहीं लगाना चाहिए। सोते समय दर्पण में शरीर का प्रतिबिंब दिखाई देना मानसिक अशांति और नींद में बाधा पैदा कर सकता है।
दूसरा, मुख्य दरवाजे के सामने दर्पण लगाना भी सही नहीं माना जाता। इससे घर में आने वाली सकारात्मक ऊर्जा वापस लौट जाती है।
तीसरा, सीढ़ियों के सामने या ऊपर दर्पण लगाने से बचना चाहिए। इससे दिशा का भ्रम पैदा हो सकता है और दुर्घटना का खतरा बढ़ सकता है।
चौथा, पूजा स्थान के सामने शीशा लगाने से भी बचना चाहिए, क्योंकि इससे पूजा की सकारात्मक ऊर्जा प्रभावित हो सकती है।
नोट:
वास्तु के अनुसार दर्पण हमेशा साफ, बिना दरार और सही दिशा में होना चाहिए। बेहतर होगा कि इसे उत्तर या पूर्व दिशा की दीवार पर लगाया जाए, ताकि घर में सकारात्मक ऊर्जा का प्रवाह बना रहे।




